कल इस विषय पर Z न्यूज़ पर डिबेट चल रही थी जिसमे सभी अपनी अपनी बिचारधारा के अनुसारअपना अपना पक्ष रख रहे थे ! डिबेट के समय आईआईएम और IIT के छात्रों के विचार भी सुनने का मौका मिला ! छात्रों के विचार सुनने के बाद मुझे पूरा यकीन हो गया की आरएसएस ने गलत नहीं कहा था ! बल्कि आरएसएस ने 100% सत्य बात कही है ! आईआईएम, IIT के छात्रों में बहुत गहराई तक सेकुलरिज़िम और वामपंथ गुसेड़ा जाता है ! संघ की चिन्ता जायज है, क्यकि वामपंथियों ने कांग्रेसियों के साथ मिलकर पिछले 60-70 सालों में देश की बौद्धिक सम्पदा और संस्थानों पर जो एकछत्र राज कायम किया हुआ है, उसने देश की सामाजिक, सांस्कृतिक व ऐतिहासिक छवि को तोड़मरोड़ कर बहुत नुकसान पहुँचाया है, और जनता की कई पीढि़यों का ब्रेनवाश करके रख दिया है। लेकिन सेकुलर मीडिया का एक वर्ग संघ की इस चिन्ता को भी विवादास्पद साबित करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगा। खुद नभाटा वाले भी आरएसएस के इस चिंतन को ;विवादास्पद लेख ही करार दे रहे हैं। परन्तु जागरुक पाठक सब जानते हैं कि क्या सही है और क्या गलत। अतः मित्रो आप सभी अपने अपने बच्चो को बचपन से ही देश का सही सही इतिहास पढ़ाये उन्हें बताएं की विदेशी आक्रमणकारियों ने कितना अत्याचार किया है हमारे माताओ बहनों के साथ !