ओम का जाप करें, ओम का उच्चारण शरीरिक लाभ प्रदान करता है।

ओम का जाप करें, मिलेंगे ये 10 फायदे..........ओउम् तीन अक्षरों से मिलकर बना है। अ, उ, म्।
“अ” का अर्थ है उत्पन्न होना। .“उ” का तात्पर्य है उठना, उडना अर्थात विकास।..“म्” का मतलब है, मौन हो जाना अर्थात ब्रह्मलीन हो जाना।.....ओम का उच्चारण शरीरिक लाभ प्रदान करता है। Guljar Singh Rathore, आईये जानते है ओम कैसे है स्वास्थ्यवर्द्धक और अपनाएं आरोग्य के लिए ओम के उच्चारण का मार्ग….
1. ओम और थायरॉयड – ओम का उच्चारण करने से गले में कपंन पैदा होती है, जो थायरायड ग्रंथि पर सकारात्मक प्रभाव डालता है।
2. ओम और घबराहट – अगर आपको घबराहट या अधीरता होती है, तो ओम के उच्चारण से उत्तम कुछ भी नहीं है।
3. ओम और तनाव – यह शरीर के विषैले तत्वों को दूर करता है, यानि तनाव के कारण पैदा होने वाले द्रव्यों पर नियंत्रण करता है।
4. ओम और खून का प्रवाह – यह ह्दय और खून के प्रवाह को संतुलित करता है।
5. ओम और पाचन – ओम के उच्चारण से पाचन शक्ति तेज होती है।
6. ओम और स्फूर्ति – इससे शरीर में फिर से युवावस्था वाली स्फूर्ति का संचार होता है।
7. ओम और थकान – थकान से बचाने के लिए इससे उत्तम उपाय और कुछ भी नहीं है। ओम का उच्चारण करने से पूरा शरीर तनाव रहित हो जाता है।
8. ओम और नींद – नींद न आने की समस्या इससे कुछ ही समय में दूर हो जाती है। रात को सोते समय नींद आने तक मन में इसका जाप करने से निश्चित नींद आ जाती है।
9. ओम और फेफडे – कुछ विशेष प्राणायाम के साथ इसे करने से फेफडों में मजबूती आती है।
10. ओम और रीढ की हड्डी – ओम के पहले शब्द का उच्चारण करने से कंपन पैदा होता है। इस कंपन से रीढ की हड्डी प्रभावित होती है और इसकी क्षमता बढ जाती है।