आज समय का पहिया घूमा,पीछे सब कुछ छूट गया,एक सितारा भारत माता की आँखों का टूट गया,
उसकी आँखे बंद हुयी तो पलकें कई निचोड़ गया,सदियों तक न भर पायेगा,वो खाली पन छोड़ गया,
ना मज़हब का पिछलग्गू था,ना गफलत में लेटा था,वो अब्दुल कलाम तो केवल भारत माँ का बेटा था,
बचपन से ही खुली आँख से सपने देखा करता था,नाविक का बेटा हाथों में सात समंदर भरता था,
था बंदा इस्लाम का लेकिन,कभी न ऐंठा करता था,जब जी चाहा संतो के चरणों में बैठा करता था,
एक हाथ में गीता उसने एक हाथ क़ुरआन रखा,लेकिन इन दोनों से ऊपर पहले हिन्दुस्तान रखा,
नहीं शरीयत में उलझा वो,अपनी कीमत भांप गया,कलम उठाकर अग्निपंख से अंतरिक्ष को नाप गया,
दाढ़ी टोपी के लफड़ों में नही पड़ा,अलमस्त रहा,वो तो केवल मिसाइलों के निर्माणों में व्यस्त रहा,
मर्द मुजाहिद था असली,हर बंधन उसने तोडा था,अमरीका को ठेंगा देकर,एटम बम को फोड़ा था,
मोमिन का बेटा भारत की पूरी पहरेदारी था,ओवैसी,दाऊद,सौ सौ अफज़ल गुरुओं पर भारी था,
आकर्षक व्यक्तित्व,सरल थे,बच्चों के दीवाने थे,इस चाचा के आगे,चाचा नेहरू बहुत पुराने थे,
माथे पर लटकी ज़ुल्फ़ों ने पावन अर्थ निकाल दिया,यूँ लगता था भारत माँ ने आँचल सर पर डाल दिया,
गौरव है तुम पर,फक्र लिए हूँ सीने में,जीना तो बस जीना है अब्दुल कलाम सा जीने में,
माना अब भी इस भारत में कायम गज़नी बाबर हैं,लेकिन ऐसे मोमिन पर सौ सौ हिन्दू न्योछावर है
कलाम तुझे सलाम.............Liza Bhansali

APJ. Abdul Kalam said,"My message, especially to young people is to have courage to think differently, courage to invent, to travel the unexplored path, courage to discover the impossible and to conquer the problems and succeed. These are great qualities that they must work towards. This is my message to the young people."
One of the major contributors in the progression of science , technology and politics of our county, yet had no airs about it . In his last moments he was addressing the youth with his vision for the nation. #MissileMan
A true secular like Dara Shukoh, a great man who felt Indian first and Muslim second. He indeed won the heart of the nation with his humble yet powerful persona. He may have gone in his physical but his message to youth will linger on and serve as a guide forever.
His life will remain a celebration for us with our scientific temper, patriotism and dreams for this nation.
Om Shanti Dr APJ Abdul Kalam...............Unofficial: Dr. Subramanian Swamy


Pictures of Abdul Kalam smiling and perfect in the morning on Monday 27.7.2015 (HIS LAST DAY)

देवशयनी एकादशी के दिन , एक महान आत्मा को हम अलविदा कह रहे हैं. कल सचमुच में एक देवता सो गया है.
---हे पुण्यात्मा , आपकी ज़िंदगी सबके लिए मिसाल थी. आपके पुण्य कर्म इतने हैं कि आप परमतत्व में विलीन हो
जायेंगे.अगर आपका पुनर्जन्म हो तो भारत में ही वापिस आना...अलविदा , महामहिम डॉ कलाम साहिब..Anil Goyal
जायेंगे.अगर आपका पुनर्जन्म हो तो भारत में ही वापिस आना...अलविदा , महामहिम डॉ कलाम साहिब..Anil Goyal

कलाम साहब जैसे फरिश्तों की फौज़ निकली हैं..................मुकेश सिंघानिया

Anoop Dwivedi चले गये हे युगपरिवर्तक, भारत माँ के अमरपुत्र तुम। नयनों में आंसू हैं मां के, कहाँ गए हे! अगर रत्न तुम।
भारत रत्न तुम्ही थे सच्चे, माँ की बगिया के रखवाले।आज उजड सा गया देश है, सूने मस्जिद और शिवाले।
युग युग तक धडकोगे दिल में, बनकर ऊर्जा अति ललाम तुम।नमन तुम्हें शत बार हमारा, सबके प्यारे थे कलाम तुम।
भारत रत्न तुम्ही थे सच्चे, माँ की बगिया के रखवाले।आज उजड सा गया देश है, सूने मस्जिद और शिवाले।
युग युग तक धडकोगे दिल में, बनकर ऊर्जा अति ललाम तुम।नमन तुम्हें शत बार हमारा, सबके प्यारे थे कलाम तुम।

कृष्णा बाबा भोजपुरी गायक मत कहो कि मर गया हूँ मैं मरा नहीं हूँ - स्थिर हो गया हूँ….. बोल नहीं सकता हूँ बस देख सकता हूँ सुन भी सकता हूँ तुम्ह ारी बातें…. मत कहो कि मर गया हूँ मै क्योकि मैं जीवित हूँ आज भी….. ध्यान से देखो घर की इन दीवारों में जीवित हूँ - जीवित हूँ आँगन की फुलवारी में….. इस साल जब बसंत आएगा तो खिले हुए फूलों को देखना तुम उनकी सुगंध में जीवित मिलूँगा तुम्हें….. देखो तो सही कि किताब के हर पन्ने तक पर जीवित हूँ मैं व्याख्यान कक्षों में ब्लैक-बोर्ड पर जीवित हूँ….. कर्त्तव्यों का बोझ और सपनों का महल जो तुम्हें दिया है मैंने लगन से संवारना इसे….. उसी लगन के परिणाम में जीवित मिलूँगा तुम्हें क्योंकि के महल के साकार स्वरुप में हर जगह हर कदम पर जीवित हूँ मैं….. इसीलिए तो कहता हूँ कि मर गया हूँ’ मत कहो मुझे….. सत्य कहता हूँ विश्वास करो मेरा कि जीवित हूँ मैं जीवित हूँ…!! डॉ कलाम को हमारी भावभीनी श्रद्धांजलि...
Lokesh Saxena : Dr APJ Abdul Kalam breathed his last doing what he loved most. Being with those he loved most.. He died not on the death bed as most of us would. He died a cavalier death... “Till the last breath he was working, It will only be proper to not take a holiday on his death instead honour him by working harder”

seen a Karmyogi like him always trying to share his knowledge..· May his dreams for india be
fulfilled visionary ideals helps us heal our divisions. He personified india at its best .
MK Parashar New : · नमन करता हूँ,आपके हिस्से ये मुकाम आया..खुशनसीब है आपका लहू जो देश के काम आया.......................नमन कलाम साहब,तुम्हे कसम हिन्द की लौट के आना

Karthik Shyale : APJ Abdul Kalam - An Unexplained Phenomenon who had given Nation & Humanity the First Place Rather then Religion...Opposing the ideologies
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