किसी ने सच कहा है कि "चमगादड़ों के कैसे अच्छे दिन, दिन अच्छे हों या बुरे, चमगादड़ों को तो उल्टा ही लटकना है"।
1. विगत 10 वर्षों से मोबाइल, टीवी, फ्रिज से लेकर बच्चों के खिलौने तक चीन से आ रहे हैं, आज पहली बार SONY अपनी BRAVIA SERIES के टीवी भारत में बनाने जा रहा है (चेन्नई में कारखाना ), XIAOMI, MOTOROLA, APPLE, FOXCONN इत्यादि कम्पनियां भारत में प्रोडक्शन शुरू कर रही हैंl (XIAOMI ने तो अपना पहला Made In India मोबाइल बाजार में उतार भी दिया है)।
BMW जैसी LUXURY कार निर्माता कम्पनी भी भारत में प्लांट लगा रही है। MERCEDES जर्मनी के बाहर अपना पहला कारखाना खोल रही है ( कर्णाटक में), VOLVO ने कर्णाटक में अपना सन्यंत्र स्थापित किया और आगामी 6 महीनों में इस सन्यंत्र में निर्मित बसें यूरोप को निर्यात होने लगेंगी।


2. जो देश सदैव रक्षा उपकरणों का आयात करता हो, उसभारत ने विगत एक वर्ष में वियतनाम, अफ्रीकन कन्ट्रीज, समेतकई देशों को रक्षा उपकरण निर्यात करना शुरू कर दिया हो(Today we are even exporting BULLETPROOF Vests to UK, BRAHMOS to VIETNAM).
3. आज यमन से अपने नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए US, EUROPE के देश भारत से सहायता माँगते हैं, यह शायद 26 मई 2014 से पहले किसी ने सोंचा भी नहीं होगा?


4. जिस देश को SOFT STATE कहा जाता था, वही भारत आज तजाकिस्तान, मॉरिशस में अपने सैन्य अड्डे बना रहा है। वर्षों से चीन पाकिस्तान के ग्वादर पोर्ट को मिलिट्री यूज़ के लिए develop कर रहा है, सिर्फ 1 वर्ष में चीन को tackle करने के लिए भारत ने ईरान का चाहबर पोर्ट develop किया।
5. जो देश सदैव CEASEFIRE VIOLATION को लेकर UN जाता था, आज उसी देश की शिकायत पाकिस्तान UN से कर रहा है।
6. 1947 के बाद पहली बार भारत सरकार ने स्पष्ट किया कि पाकिस्तान से यदि कश्मीर पर बात होगी तो सिर्फ POK पर होगी।


7. आजतक हमने सदैव भारत में पाकिस्तानी झंडे लहराते हुए देखे थे, परन्तु आज पहली बार पाकिस्तान के बलूचिस्तान और POK में भारतीय तिरंगा लहराया जा रहा है।
8. मंगल अभियान और चंद्रयान-1 की सफ़लता के बाद भारत का राष्ट्रीय अंतरिक्ष संस्थान (Isro) के वैज्ञानिको अब सन मिशन की तैयारी कर रहें है | सूर्य कॅरोना का अध्ययन एवं धरती पर इलेक्ट्रॉनिक संचार में व्यवधान पैदा करने वाली सौर-लपटों की जानकारी हासिल करने के लिए Isro आदित्य-1 उपग्रह छोड़ेगा | इसका प्रक्षेपण वर्ष 2012-13 में होना था, मगर अब इसरो ने इसका नया प्रक्षेपण कार्यक्रम तैयार किया है | Isro अध्यक्ष एएस किरण कुमार ने कहा है कि अब आदित्य-1 का प्रक्षेपण वर्ष 2017 के बाद (2017-20 के दौरान) किया जाएगा |

यदि आपके लिए ये अच्छेदिन नहीं हैं तो, विश्वास करिये आपके अच्छे दिन कभी नहीं आ सकते।
साभार. ( Surendra Nigam )